Headlines

‘वर्दी पहनने से जनता को डराने का हक नहीं मिलता’, ट्रैफिक जाम में मंत्री से भिड़ने वाली महिला ने बताई उस दिन की पूरी कहानी – teena choudhry viral video traffic jam minister confrontation police no response explanation ntc agkp

%E0%A4%B5%E0%A4%B0%E0%A5%8D%E0%A4%A6%E0%A5%80 %E0%A4%AA%E0%A4%B9%E0%A4%A8%E0%A4%A8%E0%A5%87 %E0%A4%B8%E0%A5%87 %E0%A4%9C%E0%A4%A8%E0%A4%A4%E0%A4%BE %E0%A4%95%E0%A5%8B %E0%A4%A1%E0%A4%B0%E0%A4%BE%E0%A4%A8%E0%A5%87 %E0%A4%95%E0%A4%BE %E0%A4%B9%E0%A4%95 %E0%A4%A8%E0%A4%B9%E0%A5%80%E0%A4%82 %E0%A4%AE%E0%A4%BF%E0%A4%B2%E0%A4%A4%E0%A4%BE


कुछ दिन पहले सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ जिसमें एक महिला ट्रैफिक जाम के बीच महाराष्ट्र के एक मंत्री से बहस करती दिख रही थी. इस वीडियो को लाखों लोगों ने देखा और महिला की तारीफ भी हुई. अब उस महिला ने खुद सामने आकर पूरी कहानी बताई है. उनका नाम है टीना चौधरी. उन्होंने बताया कि डेढ़ घंटे तक पुलिस ने उनकी एक नहीं सुनी, उनकी बच्ची अकेली इंतजार कर रही थी और तब जाकर यह नौबत आई.

टीना ने बताया कि उन्होंने वहां मौजूद हर पुलिसवाले के पास जाकर मदद मांगी. लेकिन किसी ने कोई जवाब नहीं दिया, कोई प्रतिक्रिया नहीं आई. उनके शब्द थे कि ‘मैं हर एक पुलिस अधिकारी के पास गई, कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली, किसी ने नहीं सुना.’

वीडियो में एक पल था जब उन्होंने एक बोतल जमीन पर पटकी. उन्होंने इसकी वजह बताई कि यह पुलिस का ध्यान खींचने की कोशिश थी क्योंकि कोई दूसरा तरीका काम नहीं कर रहा था.

21 अप्रैल को क्या हुआ?

टीना चौधरी उस दिन अपनी बेटी को म्यूजिक क्लास छोड़ने गई थीं. शाम 4 बजे उन्होंने बेटी को छोड़ा और 4 बजकर 45 मिनट पर वापस लेने जाना था. लेकिन जब वो वापस निकलीं तो एक जगह के पास उनकी गाड़ी ट्रैफिक जाम में फंस गई.

25 मिनट तक गाड़ी में बैठी रहीं लेकिन कोई हलचल नहीं हुई. तब वो गाड़ी से उतरकर देखने गईं कि माजरा क्या है. पता चला कि दो बसें रास्ते में खड़ी हैं और हिल नहीं रही हैं.

मंत्री से मुलाकात कैसे हुई?

शाम 6 बजकर 15 मिनट हो चुके थे. टीना को अपनी बेटी की चिंता सता रही थी जो अकेले इंतजार कर रही थी. तब उनका सामना महाराष्ट्र के मंत्री गिरीश महाजन से हुआ जो उसी इलाके में किसी रैली में थे.

यह भी पढ़ें: “‘गेट आउट…’, वर्ली जाम में फंसी महिला भड़की, मंत्री से सड़क पर बहस

टीना ने कहा कि ‘उस पूरी रैली में मिस्टर महाजन अकेले ऐसे इंसान थे जिन्होंने कम से कम मेरी बात सुनने की कोशिश की.’ और महाजन के कहने पर ही दोनों बसें हटाई गईं और रास्ता खुला.

फौजी परिवार से हैं टीना

टीना ने अपने परिवार के बारे में भी बताया. उनके दादा ने भारतीय सेना में सेवा की. उनके पिता ने भारतीय सेना में सेवा की और दो युद्ध लड़े. उनके पूरे परिवार में 8 लोग सेना में रहे हैं.

उन्होंने यह इसलिए बताया ताकि पुलिस और सरकारी सेवा को लेकर अपनी बात समझाई जा सके. उनका कहना था कि ‘जब आप वर्दी पहनते हैं तो आप जनसेवा में होते हैं. इससे आपको बेइज्जती करने या डराने का अधिकार नहीं मिलता.’

वायरल होने के बाद क्या कहा?

टीना को बहुत सारे संदेश आए. लोग उनकी सुरक्षा की चिंता कर रहे थे. उन्होंने बताया कि वो ठीक हैं और सबके प्यार और समर्थन के लिए आभारी हैं. 

उन्होंने लोगों से अपील की कि इस घटना को किसी एक पार्टी के खिलाफ हथियार मत बनाओ. उनके शब्द थे कि ‘मेरे कंधे का इस्तेमाल निशाना लगाने के लिए मत करो. सभी राजनीतिक पार्टियां इसी तरह आम जनता की परवाह नहीं करतीं.’

कुछ लोग चाहते थे कि टीना उनकी ‘आवाज’ बनें. इस पर उन्होंने कहा कि ‘मुझे आपकी आवाज बनने की जरूरत क्यों है? आपके पास खुद आवाज है.’

—- समाप्त —-



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *